इलाहाबाद हाई कोर्ट ने अपर मुख्य सचिव (गृह) संजय प्रसाद के खिलाफ गंभीर टिप्पणी की है। कहा कि उन्होंने अदालत की शक्ति को कमतर दिखाने का जानबूझकर सुनियोजित प्रयास किया।
न्यायमूर्ति विनोद दिवाकर की एकलपीठ ने झांसी निवासी मेघा रैकवार की बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका निस्तारित करते हुए एसीएस (गृह) की फाइल केंद्रीय कार्मिक व प्रशिक्षण विभाग को भेजने का आदेश दिया है।
पीठ ने कहा कि एसीएस गृह ने फरवरी 2026 में बताया था कि ‘सुभाष चंद्र बनाम राज्य’(2025) मामले में हाई कोर्ट के निर्णय को सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका (एसएलपी) के माध्यम से चुनौती दी जाएगी, लेकिन अब तक वहां सुनवाई का कोई आदेश, स्टे या रिकार्ड पेश नहीं किया गया।









